आखिरकार सरकार ने बल प्रयोग कर खुलवाया शंभू-अंबाला हाईवे: 400 दिनों का इंतजार खत्म… किसानों पर लाठीचार्ज कर टेंट उखाड़े

सरकार बोली: बंद हाईवे प्रदेश के विकास को रोक रहे थे, दिल्ली में डेरा डाल कर किसान मांगों की लड़ाई लड़ें; साथ खड़े हैं

रोजाना भास्कर (राजपुरा/अंबाला): आखिर कार 400 दिनों से हरियाणा-पंजाब के शंभू बॉर्डर पर जमे किसानों का धरना खत्म हो गया है। इसके बाद वीरवार को पुलिस प्रशासन ने शंभू-अंबाला हाइवे को पूरी तरह से खोल दिया है। राजपुरा से अंबाला जाने के लिए शंभू बॉर्डर पर एक तरफ का रास्ता पूरी तरह से खोल दिया गया है।

पुलिस ने हाईवे खुलवाने के लिए किसानों पर लाठी चार्ज भी किया और हरियाणा सरकार की मदद से टेंट उखाड़ कर फेंक दिए। पंजाब भर में किसान जत्थेबंदियों के कई बड़े नेताओं को हिरासत में लिया गया है और सैकड़ों किसानों को जेल में डाल दिया।

किसान नेता सरवन सिंह पंधेर और मरणव्रत पर बैठे जगजीत सिंह डल्लेवाल को पुलिस ने योजनाबद्ध तरीके से बॉर्डर से हटाया और अलग-अलग जगह लेकर। प्रशासन हाईवे की एक लेन पूरी तरह से खोल दी है जिससे ट्रैफिक की आवाजाही शुरू कर दी गई है।

पटियाला के एसएसपी नानक सिंह ने बताया कि पंजाब पुलिस ने कोई बल प्रयोग नहीं किया और प्रदर्शनकारी किसानों ने सहयोग किया। अब रास्ता साफ होने के बाद जल्द ही यहां यातायात सुचारू किया जाएगा।