अमृतसर में केंद्रीय सिख अजायबघर में लगेगी झोटा की फोटो: घायलों को 5-5 लाख देगी SGPC, धामी बोले- उनके संघर्ष को आगे बढ़ाना जरूरत
मानसा/बठिंडा, रोजाना भास्कर ब्यूरो: एंटी ड्रग एक्टिविस्ट परविंदर झोटा की हत्या मामले में अभी भी तनाव बरकरार है। परिवार ने पांचवें दिन शनिवार को धरना देते हुए शव लेने से इनकार कर दिया है। अभी तक परिवार की 5 मांगों पर सहमति नहीं बन सकी।

आज शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (SGPC) के अध्यक्ष हरजिंदर सिंह धामी मानसा सिविल अस्पताल पहुंचे। उन्होंने झोटा हत्याकांड में घायल हुए युवक से मुलाकात कर उसका हालचाल जाना और उसके स्वास्थ्य के बारे में जानकारी ली।

इससे पहले शुक्रवार शाम पंजाब कांग्रेस के प्रभारी सचिन पायलट और पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष परगट सिंह झोटा के परिवार से मिले। उन्होंने कहा कि पार्टी संसद में झोटा हत्याकांड का मुद्दा उठाएगी।
पिता भीम सिंह का कहना है कि मांगें पूरी होने के बाद ही बेटे की डेडबॉडी लेंगे। अभी तक शव का पोस्टमॉर्टम भी नहीं हुआ है। शव मानसा के सिविल अस्पताल में रखा हुआ है। इंसाफ कमेटी ने ऐलान किया कि 19 अक्टूबर को पंजाब भर में आम आदमी पार्टी के विधायकों और मंत्रियों के घरों का घेराव किया जाएगा।

हत्या के बाद प्रदर्शन में आगजनी, तोड़फोड़ और भड़काऊ भाषण को लेकर पुलिस ने 2 केस दर्ज किए हैं। डीआईजी हरजीत सिंह ने बताया कि आरोपियों की पहचान हो चुकी है और जल्द गिरफ्तारी की जाएगी।
पंजाब की युवा पीढ़ी को नशों से बचाने के संघर्ष में जान गंवाने वाले भाई परविंदर सिंह झोटा की तस्वीर केंद्रीय सिख अजायबघर में लगेगी।
शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एसजीपीसी) के प्रधान हरजिंदर सिंह धामी ने शनिवार को भाई झोटा के पिता बापू भीम सिंह से मुलाकात के दौरान यह ऐलान किया।
धामी ने कहा कि सिख कौम भाई झोटा की कुर्बानी हमेशा याद रखेगी। नशों के खिलाफ उनके संघर्ष को आगे बढ़ाना समय की जरूरत है।
एसजीपीसी परिवार के साथ है और हर संभव मदद करेगी। भाई झोटा के साथ घायल हुए युवाओं का हाल जानने के बाद धामी ने प्रत्येक घायल को 5-5 लाख रुपए की आर्थिक मदद देने का ऐलान किया।
कमेटी इलाज का पूरा खर्च उठाएगी
उन्होंने बताया कि अगर घायल चाहें तो एसजीपीसी उनका इलाज श्री गुरु रामदास मेडिकल कॉलेज अमृतसर में करवाएगी। कमेटी इलाज का पूरा खर्च उठाएगी।
धामी ने कहा कि अजायबघर में उनकी तस्वीर लगाने का मकसद उनके संघर्ष और युवा पीढ़ी को नशों से बचाने के संकल्प को याद रखना है।














