जालंधर, रोजाना भास्कर (हरीश शर्मा): आम आदमी पार्टी में राज्यसभा सांसदों के पार्टी छोड़ने के बाद सियासी माहौल गरमा गया है। इसी बीच जालंधर के शाहपुर स्थित सिटी कैंपस में प्रदेश प्रभारी मनीष सिसोदिया की अगुवाई में बड़ी बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में 25 से अधिक विधायक, मंत्री और पार्टी के वरिष्ठ नेता शामिल हुए।

बैठक में पंजाब विधानसभा के स्पीकर कुलतार संधवा, मंत्री बरिंदर गोयल और विधायक बलकार सिद्धू की मौजूदगी ने इसे और अहम बना दिया।
“गद्दार” विवाद पर स्पीकर का बड़ा बयान
स्पीकर कुलतार संधवा ने “गद्दार” शब्द पर चल रहे विवाद को लेकर कहा कि यह कोई छोटा मुद्दा नहीं है और इसका जवाब तुरंत नहीं दिया जा सकता।
उन्होंने कहा कि पार्टी छोड़कर जाने वाले नेताओं को खुद आत्ममंथन करना चाहिए कि उनका फैसला सही था या गलत।
👉 उन्होंने सीएम भगवंत मान के बयान का जिक्र करते हुए सवाल उठाया:
“2 विधायकों वाली पार्टी में 7 राज्यसभा सदस्य कैसे बन सकते हैं?”
साथ ही चुनौती दी कि अगर वे इस्तीफा देकर चुनाव लड़ें, तो सच्चाई जनता के सामने आ जाएगी।

भाजपा पर तीखा हमला, “2 साल के मेहमान” बयान
विधायक बलकार सिद्धू ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि यह पार्टी पहले भी कई दलों को खत्म कर चुकी है।
उन्होंने बिना नाम लिए पार्टी छोड़ने वाले नेताओं पर तंज कसते हुए कहा—
👉 “ये सिर्फ 2 साल के मेहमान हैं, इस्तेमाल के बाद छोड़ दिए जाएंगे।”
उन्होंने साफ किया कि आज की बैठक का मुख्य फोकस नगर निगम चुनावों की रणनीति तैयार करना है।
“पार्टी एक समुद्र है, जाने वालों से फर्क नहीं” – बरिंदर गोयल
मंत्री बरिंदर गोयल ने बैठक को रूटीन बताते हुए कहा कि पार्टी में ब्लॉक स्तर से लेकर मुख्यमंत्री तक पूरी एकजुटता है।
👉 “पार्टी एक समुद्र की तरह होती है, छोड़कर जाने वालों का ही नुकसान होता है।”
उन्होंने कहा कि पंजाब की बेहतरी के लिए लगातार रणनीति बनाई जा रही है और संगठन को और मजबूत किया जा रहा है।
— कांग्रेस और विपक्ष पर पलटवार
AAP नेताओं ने कांग्रेस और विपक्ष के दावों को खारिज करते हुए कहा कि 50 विधायकों के पार्टी छोड़ने की बात पूरी तरह बेबुनियाद है।
👉 नेताओं ने दावा किया कि AAP सरकार ने अपने वादे पूरे किए हैं और जनता 2027 में फिर से सरकार बनाने का मन बना चुकी है।
संगठन मजबूत करने पर फोकस
बैठक में पार्टी के ऑब्जर्वरों, वॉलंटियर्स और कार्यकर्ताओं से फीडबैक लिया गया।
नगर निगम चुनावों को लेकर रणनीति, ग्राउंड रिपोर्ट और संगठनात्मक मजबूती पर विस्तार से चर्चा की गई।














