नई दिल्ली, रोजाना भास्कर ब्यूरो। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए केंद्र सरकार ने बोर्ड के चेयरमैन और सचिव दोनों पदों पर नई नियुक्तियां की हैं। सरकार के इस फैसले को शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता, जवाबदेही और प्रशासनिक सुधारों की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

वरिष्ठ आईएएस अधिकारी Lokhande Prashant Sitaram को CBSE का नया चेयरमैन नियुक्त किया गया है, जबकि वरिष्ठ नौकरशाह Varun Bhardwaj को बोर्ड का नया सचिव बनाया गया है। इसके साथ ही मौजूदा चेयरमैन Rahul Singh और सचिव Himanshu Gupta का तबादला कर दिया गया है।
कैबिनेट की नियुक्ति समिति (ACC) ने इन नियुक्तियों को मंजूरी दे दी है। शिक्षा मंत्रालय के प्रस्ताव के अनुसार वरुण भारद्वाज को केंद्रीय स्टाफिंग योजना के तहत प्रतिनियुक्ति आधार पर CBSE सचिव नियुक्त किया गया है। उनका कार्यकाल 19 अप्रैल 2027 तक रहेगा।
इसी बीच CBSE की ऑन-स्क्रीन मार्किंग (OSM) सेवाओं की खरीद और टेंडर प्रक्रिया की जांच के लिए सरकार ने एक विशेष जांच समिति का गठन भी किया है।
इस समिति की अध्यक्षता S. Radha Chauhan करेंगी। समिति OSM सेवाओं की खरीद, टेंडर प्रक्रिया और उससे जुड़े सभी प्रशासनिक एवं वित्तीय पहलुओं की जांच करेगी।
सरकारी आदेश के अनुसार समिति आवश्यकता पड़ने पर विभिन्न विभागों और कार्यालयों के अधिकारियों की सहायता भी ले सकेगी। वहीं, समिति को सचिवीय सहायता कैपेसिटी बिल्डिंग कमीशन द्वारा उपलब्ध कराई जाएगी।
सरकार ने जांच समिति को एक महीने के भीतर अपनी रिपोर्ट कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (DoPT) को सौंपने के निर्देश दिए हैं।
गौरतलब है कि हाल के महीनों में CBSE की ऑन-स्क्रीन मूल्यांकन प्रणाली, परीक्षा मूल्यांकन प्रक्रिया और OSM टेंडरिंग को लेकर कई सवाल उठाए गए थे।
छात्रों, शिक्षकों और विभिन्न संगठनों ने भी पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की मांग की थी। ऐसे में नए नेतृत्व की नियुक्ति और जांच समिति के गठन को CBSE में सुधार और जवाबदेही तय करने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।














